विधानसभा चुनाव 2026: असम, केरल और पुडुचेरी में लोकतंत्र का महापर्व, मतदान जारी

नई दिल्ली/गुवाहाटी/तिरुवनंतपुरम:** देश के तीन राज्यों असम, केरल और पुडुचेरी—में आज विधानसभा चुनाव 2026 के लिए मतदान की प्रक्रिया सुचारू रूप से शुरू हो गई है। सुबह से ही मतदान केंद्रों के बाहर मतदाताओं की लंबी कतारें देखी जा रही हैं, जिनमें युवाओं और बुजुर्गों का उत्साह देखते ही बन रहा है।
राज्यों का सियासी समीकरण
असम: यहां भारतीय जनता पार्टी (BJP) के लिए अपनी सत्ता को बरकरार रखने की बड़ी चुनौती है। विकास और क्षेत्रीय पहचान के मुद्दों पर केंद्रित इस चुनाव में मुख्यमंत्री के नेतृत्व में एनडीए (NDA) फिर से वापसी की उम्मीद कर रहा है।
केरल: वामपंथी गठबंधन (LDF) इतिहास रचने की दहलीज पर है। यदि इस बार भी एलडीएफ की जीत होती है, तो यह राज्य में जीत की **हैट्रिक** होगी। वहीं, कांग्रेस नीत यूडीएफ (UDF) इस बार कड़ी टक्कर दे रहा है।
पुडुचेरी: केंद्र शासित प्रदेश में भी त्रिकोणीय मुकाबले की स्थिति बनी हुई है, जहाँ प्रशासनिक सुधार और स्थानीय बुनियादी ढांचा प्रमुख चुनावी मुद्दे हैं।
युवा शक्ति का प्रभाव
इस चुनाव की सबसे खास बात **’फर्स्ट टाइम वोटर्स’** की भारी संख्या है। आंकड़ों के अनुसार, लगभग **10 लाख नए मतदाता** पहली बार अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। चुनाव आयोग ने इन युवा मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए कई केंद्रों को विशेष रूप से सजाया है।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए सभी मतदान केंद्रों पर केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। संवेदनशील इलाकों में ड्रोन के जरिए निगरानी रखी जा रही है।
मुख्य बिंदु:
असम में भाजपा और गठबंधन की साख दांव पर।
केरल में एलडीएफ की हैट्रिक की कोशिश।
पुडुचेरी में कड़ा मुकाबला।
10 लाख नए युवा मतदाता पहली बार चुनेंगे अपनी सरकार।
शाम तक मतदान प्रतिशत के आंकड़े आने की संभावना है। चुनाव परिणाम यह तय करेंगे कि अगले पांच वर्षों के लिए इन राज्यों की कमान किसके हाथोंमें होगी।



