सफर बना खौफनाक मंजर: ओवरटेकिंग की गलती से आग का गोला बनीं 3 कारें, देवदूत बनकर आए सुरक्षाकर्मियों ने बचाई जान।

यमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण भिड़ंत: टकराने के बाद आग का गोला बनीं कारें, 11 लोगों की बची जान
ग्रेटर नोएडा: यमुना एक्सप्रेसवे पर शनिवार देर रात एक रूह कंपा देने वाला हादसा सामने आया। रबूपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत ओवरटेकिंग के चक्कर में तीन कारें आपस में टकरा गईं। टक्कर इतनी जोरदार थी कि देखते ही देखते कारों ने आग पकड़ ली और वे आग का गोला बन गईं। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें लपटों की भयावहता साफ देखी जा सकती है।
कैसे हुआ हादसा?
मिली जानकारी के अनुसार, हादसा रात के समय हुआ जब एक्सप्रेसवे पर वाहनों की रफ्तार काफी तेज थी। बताया जा रहा है कि एक कार चालक की लापरवाही के कारण ओवरटेकिंग लेन में अचानक ब्रेक लग गए। पीछे से आ रही दो अन्य कारें खुद को नियंत्रित नहीं कर पाईं और एक के बाद एक आपस में भिड़ गईं।
टक्कर के तुरंत बाद कारों के फ्यूल टैंक या शॉर्ट सर्किट की वजह से भीषण आग लग गई। मंजर इतना खौफनाक था कि हाईवे पर चल रहे अन्य यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई।
सुरक्षाकर्मियों की मुस्तैदी से टला बड़ा हादसा
गनीमत यह रही कि घटना के वक्त जेपी इंफ्राटेक के सुरक्षाकर्मी पास ही गश्त पर थे। आग विकराल रूप लेती, उससे पहले ही सुरक्षाकर्मियों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए तीनों कारों के दरवाजे खोलकर उनमें फंसे 11 सवारों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
बचाव कार्य: सुरक्षाकर्मियों ने स्थानीय पुलिस को सूचित किया और तुरंत दमकल विभाग की गाड़ियाँ मौके पर पहुँचीं।
घायल: सुरक्षित निकाले गए लोगों में से कुछ को मामूली चोटें आई हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल भेजा गया है।
यातायात: हादसे के बाद एक्सप्रेसवे पर कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा, जिसे क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाकर सुचारू किया गया।
सावधानी की अपील
पुलिस प्रशासन ने एक बार फिर वाहन चालकों से अपील की है कि वे एक्सप्रेसवे पर निर्धारित गति सीमा का पालन करें और ओवरटेकिंग के समय विशेष सावधानी बरतें। देर रात की ड्राइविंग के दौरान ‘टेलगेटिंग’ (अगले वाहन के बहुत करीब चलना) से बचने की सलाह दी गई है।
“अगर जेपी इंफ्राटेक के सुरक्षाकर्मी मौके पर समय रहते न पहुँचते, तो एक बड़ी जनहानि हो सकती थी। सुरक्षित निकाले गए सभी यात्री खतरे से बाहर हैं।” — स्थानीय पुलिस अधिकारी




